शीर्षक -बेलनटाईन दिवस
आज मामलो हुवो गरम,
राम्यो भूल्यो पति धरम,
बयरा खे तैयार कराणो,
ओके भारी पड़ी गयो,
जाणो थो आज सिनेमा,
पण टिकटां लाणो भूली गयो,
सुध-बुध भूल्यो राम्यो ने
ठोक्यो ओने अपणो करम,
आज मामलो हुवो गरम.....
अई सिनेमा हाऊस फुल हुवो,
वई बयरा को पारो चढ़ी गयो,
रौद्र रूप में अय बयरा ने,
हाथ अस्त्र बेलन धरियो,
आज कुटुवां हूं तमके,
गड़बड़ सगलो काम करियो,
मूड़ म्हारो तमने ऑफ करियो,
बेलन से सूत्यो राम्या के,
गाबड़ो ओको टूटी गयो,
बयरा खे तैयार कराणो,
ओके भारी पड़ी गयो।
हउ बेलनटाईन मनी गयो।
हाथ जोड्या ने हड़्या खाया,
टूटी ग्यो सगळो भरम,
आज मामलो हुवो गरम,
राम्यो भूल्यो पति धरम।
स्वरचित
हेमलता शर्मा भोली बेन
इंदौर मध्यप्रदेश

